यह समस्या उन लोगों में अधिक देखने को मिलती है जो लंबे समय तक एक ही जगह बैठते हैं जैसे ऑफ़िस में कई घंटों तक बैठकर काम करना जैसे टैक्सी/ऑटो ड्राइवर जो कई घंटों तक एक ही जगह बैठकर गाड़ी चलाते हैं, दुकानदार जो सुबह से रात तक एक ही जगह पर बैठकर काम करते है आदि।
पिलोनिडल साइनस एक फोड़ा होता है आम तौर पर मरीज़ों को कमर के नीचे वाले हिस्से में होता है ।क्योंकि इस रोग के बारे में ज़्यादा लोगों को पता नहीं है तो मरीज़ इसे आम फोड़ा समझ का नज़रअंदाज़ कर देता है और उसके इलाज में ज़्यादा ध्यान नहीं देते लेकिन जब यह समस्या मरीज़ को बार बार होने लगती है तब मरीज़ डॉक्टर को दिखाकर इस रोग के बारे में समझने की कोशिश करता है जो कि एक आम फोड़ा नहीं पिलोनिडल साइनस है।
पिलोनिडल साइनस के लक्षण :
पिलोनिडल साइनस से पीड़ित होने की स्थिति में आपको कुछ लक्षण महसूस हो सकते हैं अगर लक्षणों का पता चलते ही आप तुरंत इसका सही तरीक़े से इलाज करें तो यह समस्या कम समय में बहुत ही आसानी से ख़त्म हो सकती है।
पिलोनिडल साइनस के कुछ मुख्य कारण :
- कमर के नीचे वाले हिस्से की दरार के पास निशान आना।
- मवाद या खून निकालना।
- कपड़े के कारण बैठने पर दर्द होना।
- उस जगह पर सूजन आ जाना।
पिलोनिडल साइनस के आयुर्वेदिक उपचार :
- सबसे पहले तो आप जहाँ यह समस्या हुई है उस हिस्से के बालों को सावधानीपूर्वक रेज़र की मदद से निकाल लें, ध्यान रहे रेज़र फोड़े पर न छुएँ सिर्फ़ आस पास के बाल ही निकालें ।फिर गुनगुने पानी से उस जगह को साफ़ कर लें फिर उसमें टी ट्री ऑयल लगाएं यह तेल इस समस्या में काफ़ी मदद करता है तेल को लगाकर दस मिनट छोड़ दें फिर गरम पानी से धोकर हल्के हाथ से कपड़े से पोंछ लें। ऐसा दिन में दो तीन बार करें। यह काफ़ी फाएदेमंद साबित होगा।
- तीन टेबलस्पून ऐप्पल साइडर विनेगर लें और उसे आधे कप गुनगुने पानी में मिला लें अब थोड़ी सी रुई लें और रुई की मदद से इस मिश्रण को फोड़े पर लगाएं और 2 मिनट के लिए छोड़ दें। इस प्रक्रिया को दिन में 3-4 बार करें। आप इस मिश्रण को लगाने की बजाए पी भी सकते हैं। ऐप्पल साइडर विनेगर में बैक्टीरिया तथा इंफेक्शन से लड़ने के कई गुण होते हैं और इससे आपको काफ़ी मदद मिलेगी।
- एक रुई का टुकड़ा लें उसे गुनगुने कास्टर ऑयल(अरंडी का तेल) में डुबोएँ और फोड़े पर लगाएं और उस जगह पर बैंडेज लगा दें और एक घंटे के लिए छोड़ दें ।ऐसे दिन में 2-3 बार करें और ध्यान रखें कि हर बार नए बैंडेज और साफ़ रुई इस्तेमाल करें।
क्या खाएँ :
मसालेदार और शक्करयुक्त भोजन ना खाएँ।
पिलोनिडल साइनस में ध्यान देने वाली बातें :
- कॉटन अंडरगारमेंट पहने।
- प्रभावित जगह को सूखा एवं साफ़ रखें।
- लंबे समय तक सख़्त स्थान पर ना बैठे अपने खाने में लहसुन का इस्तेमाल अधिक मात्रा में करें।
- दौड़ना या कोई भारी व्यायाम ना करें।
पिलोनिडल साइनस एक ऐसी समस्या है जिसे नज़रअंदाज़ करने से काफ़ी परेशानियां हो सकती है अगर आपको इसके लक्षण है तो ऊपर बताए गए उपचारों का प्रयोग ज़रूर करें ।
She is a Homemaker and mom of 2 lovely children. She loves cooking and reading books. She is an avid writer.
Your article helped me a lot, is there any more related content? Thanks!
I am an investor of gate io, I have consulted a lot of information, I hope to upgrade my investment strategy with a new model. Your article creation ideas have given me a lot of inspiration, but I still have some doubts. I wonder if you can help me? Thanks.
Thank you very much for sharing, I learned a lot from your article. Very cool. Thanks. nimabi
Thank you for your sharing. I am worried that I lack creative ideas. It is your article that makes me full of hope. Thank you. But, I have a question, can you help me? https://accounts.binance.com/de-CH/register?ref=S5H7X3LP